बच्चों की अभिभावकों के प्रति शिकायतें यह गतिविधि बच्चों को अपना स्वर व्यक्त करने का अवसर है। अभिभावकों को इसे संयम और खुले मन से स्वीकारना चाहिए।
शिकायत सुनने के बाद तुरंत अपना बचाव करने के बजाय बच्चों के अनुभव को स्वीकार करें।
बच्चों ने ईमानदारी से बताया इसके लिए उनका धन्यवाद करें। इससे उन्हें बोलने का आत्मविश्वास मिलेगा।
